लाइव सिटीज, मोकामा: बिहार विधान परिषद चुनाव के दौरान पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की सियासत उस समय गरमा गई, जब मोकामा में मतदान के बीच जेडीयू विधायक अनंत सिंह और जेडीयू प्रत्याशी नीरज कुमार के समर्थक आमने-सामने आ गए। मोकामा प्रखंड कार्यालय स्थित मतदान केंद्र के पास दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ने के बाद पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा। इस घटना के बाद अनंत सिंह ने नीरज कुमार पर फिर निशाना साधते हुए दावा किया कि उनकी राजनीतिक पकड़ कमजोर पड़ चुकी है और इस बार चुनाव में उनके उम्मीदवार की जीत होगी।
मतदान के दिन अनंत सिंह ने अपने समर्थित उम्मीदवार की जीत को लेकर भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि नीरज कुमार का राजनीतिक किला टूट चुका है और जनता ने उनके उम्मीदवार के पक्ष में मतदान किया है। अनंत सिंह का दावा है कि इस बार चुनाव परिणाम उनके पक्ष में आएगा।उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस की कार्रवाई से उनके उम्मीदवार को मिलने वाले वोटों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उनके मुताबिक, समर्थकों को हिरासत में लेने या परेशान करने से चुनावी नतीजे नहीं बदलेंगे।
बता दें कि मोकामा प्रखंड कार्यालय के पास मतदान के दौरान दोनों नेताओं के समर्थक आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों की ओर से एक-दूसरे पर चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने के आरोप लगाए गए। कहासुनी बढ़ने के बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई और मौके पर लोगों की भीड़ जुटने लगी।घटना की सूचना मिलने पर बाढ़ के एसडीपीओ रामकृष्ण पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने हस्तक्षेप कर हंगामा कर रहे लोगों को हटाया और कई लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। पुलिस के अनुसार, स्थिति को नियंत्रित कर लिया गया और मतदान जारी रहा।
झड़प के बाद अनंत सिंह ने पुलिस की कार्रवाई पर नाराजगी जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके समर्थकों को परेशान किया गया और कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया। उन्होंने यह भी दावा किया कि इस तरह की कार्रवाई से उनके समर्थित उम्मीदवार को मिलने वाले वोट कम नहीं होंगे।अनंत सिंह के मुताबिक, चुनाव का फैसला मतदाता करेंगे और पुलिस की कार्रवाई से जनता का रुख नहीं बदलने वाला है। हालांकि, समर्थकों को लेकर लगाए गए आरोपों और पुलिस कार्रवाई के संबंध में अंतिम निष्कर्ष जांच के बाद ही निकाला जा सकता है।
