लाइव सिटीज, पटना: जनता दल यूनाइटेड (JDU) के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद संजय झा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के मौके पर उन्हें बधाई दी। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री के लंबे सार्वजनिक जीवन और देश के लिए किए गए कार्यों का उल्लेख किया। संजय झा ने कहा कि पिछले 25 वर्षों में नरेंद्र मोदी ने सार्वजनिक जीवन में जिस तरह लगातार काम किया है, वह अपने आप में महत्वपूर्ण है।
प्रधानमंत्री मोदी के 25 साल के सार्वजनिक जीवन का किया जिक्र
संजय झा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीतिक सफर का उल्लेख करते हुए कहा कि सार्वजनिक जीवन में उनके 25 वर्ष पूरे होना एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। उन्होंने प्रधानमंत्री को जन्मदिन की शुभकामनाएं देते हुए उनके लंबे राजनीतिक और प्रशासनिक अनुभव की चर्चा की।
प्रधानमंत्री के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर देशभर में विभिन्न कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं। बिहार में भी इस मौके पर ‘सेवा संकल्प अभियान’ से जुड़े कार्यक्रमों की तैयारी की गई है। यह अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलने की जानकारी सामने आई है।
JDU बैठक में आगे की रणनीति पर होगी चर्चा
संजय झा के बयान के साथ ही जेडीयू की आगामी बैठक को लेकर भी राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं। पार्टी की बैठक में संगठन से जुड़े मुद्दों और आगे की रणनीति पर चर्चा होने की बात कही जा रही है। बैठक में पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं के स्तर पर आगे की गतिविधियों को लेकर दिशा तय किए जाने की संभावना है।
जेडीयू इससे पहले भी संगठन को मजबूत करने और चुनावी तैयारियों से जुड़े विषयों पर लगातार बैठकें करती रही है। ऐसे में संजय झा के बयान को पार्टी की आगामी गतिविधियों के संदर्भ में देखा जा रहा है।
‘अब लाठी…’ वाले बयान पर भी चर्चा
बैठक से पहले संजय झा के एक बयान की भी चर्चा हो रही है, जिसमें उन्होंने पार्टी के कार्यकर्ताओं और संगठन से जुड़े लोगों के संदर्भ में ‘अब लाठी…’ वाली बात कही। उनके बयान का फोकस संगठन को सक्रिय रखने और राजनीतिक स्तर पर मजबूती के साथ अपनी बात रखने पर रहा।हालांकि, इस बयान को किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ कार्रवाई के तौर पर पेश करने के बजाय जेडीयू की राजनीतिक और संगठनात्मक सक्रियता के संदर्भ में देखना जरूरी है।
NDA के साथ JDU की राजनीति पर संजय झा पहले भी रख चुके हैं पक्ष
संजय झा इससे पहले जेडीयू और एनडीए के संबंधों को लेकर भी अपनी बात रख चुके हैं। जून 2026 में एक बातचीत के दौरान उन्होंने कहा था कि नीतीश कुमार ने विपक्षी दलों को एक मंच पर लाने की कोशिश की थी, लेकिन बाद में उन्हें लगा कि उस गठबंधन में चुनाव को लेकर स्पष्ट योजना और एकजुटता नहीं थी। इसी वजह से जेडीयू ने अलग रास्ता चुना।उन्होंने यह भी कहा था कि बिहार में क्षेत्रीय दल के तौर पर काम करने के लिए किसी गठबंधन में रहना जरूरी है और जेडीयू ने भाजपा के साथ मिलकर काम करने का फैसला किया।
PM मोदी के साथ गठबंधन को लेकर क्या कहा?
संजय झा ने प्रधानमंत्री मोदी और भाजपा के साथ जेडीयू के राजनीतिक संबंधों को लेकर कहा है कि बिहार की राजनीति में गठबंधन के माध्यम से काम करना पार्टी की रणनीति का हिस्सा रहा है। उनके मुताबिक, सिर्फ किसी दल का विरोध करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि जनता के बीच अपना दृष्टिकोण और राजनीतिक कार्यक्रम भी रखना जरूरी है।
