लाइव सिटीज, पटना: बिहार राज्य सरकार ने जमीन के सर्किल रेट में संशोधन कर दिया है, जिसके बाद जमीन की रजिस्ट्री पहले की तुलना में काफी महंगी हो गयी है. नए नियम 19 जून 2026 से पूरे बिहार में लागू कर दिये गये हैं. संशोधित दरों के तहत शहरी क्षेत्रों में रजिस्ट्री शुल्क लगभग दोगुना हो गया है, जबकि ग्रामीण इलाकों में यह करीब 1.6 गुना तक बढ़ा है.
जानकारी के अनुसार ग्रामीण क्षेत्रों में जमीन की सरकारी दरों में आखिरी बार वर्ष 2013 में संशोधन किया गया था. वहीं शहरी क्षेत्रों में वर्ष 2016 के बाद पहली बार सर्किल रेट बदला गया है. लंबे अंतराल के बाद सरकार ने बाजार दरों और मौजूदा परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए जमीन की नई सरकारी कीमतें तय की हैं.
नए सर्किल रेट लागू होने के बाद जमीन की सरकारी वैल्यू बढ़ गयी है. इसका सीधा असर जमीन की खरीद-बिक्री, निबंधन शुल्क और अन्य संबंधित प्रक्रियाओं पर पड़ेगा.सरकार की ओर से लागू नई व्यवस्था के तहत शहरी क्षेत्रों में जमीन की रजिस्ट्री कराने पर लोगों को पहले की तुलना में लगभग दोगुना खर्च करना पड़ रहा है. वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में भी रजिस्ट्री शुल्क में करीब 60 प्रतिशत तक की वृद्धि की गयी है.
