लाइव सिटीज, पटना: शिक्षा विभाग में लापरवाही और अनियमितताओं को लेकर राज्य सरकार ने सख्त रुख अपनाया है. शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने विभाग के छह अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई का आदेश दिया है. यह कार्रवाई कर्तव्य के प्रति लापरवाही, वित्तीय अनियमितता और नियुक्ति प्रक्रिया में गड़बड़ी जैसे आरोपों के आधार पर की गई है. आदेश 8 मई 2026 से प्रभावी माना जाएगा, जबकि एक अधिकारी के निलंबन का आदेश 18 मई से लागू होगा.
शिक्षा मंत्री ने बताया कि बांका के तत्कालीन जिला शिक्षा पदाधिकारी सह जिला कार्यक्रम पदाधिकारी पवन कुमार के खिलाफ कार्य में लापरवाही के आरोपों को गंभीरता से लेते हुए विभागीय कार्रवाई की गई है. वर्तमान में वे पूर्वी चंपारण में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी के पद पर कार्यरत हैं. मधुबनी जिले के मधेपुर प्रखंड की प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी मरजीना खातून पर विद्यालय परित्याग प्रमाण पत्र पर प्रतिहस्ताक्षर करने के बदले अवैध राशि लेने का आरोप सिद्ध होने के बाद निलंबन की कार्रवाई की गई है. उनका निलंबन 18 मई 2026 से प्रभावी होगा.
विभाग में किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार, वित्तीय अनियमितता या कर्तव्यहीनता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. शिक्षा व्यवस्था को पारदर्शी और जवाबदेह बनाने के लिए दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी
