लाइव सिटीज, पटना: बिहार सरकार की सख्ती के बाद काम पर लौटे राजस्व अधिकारियों को धमकाने वालों पर मुकदमा होगा। उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने कहा है कि राज्य में विधि-व्यवस्था और प्रशासनिक व्यवस्था से कोई भी खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। काम पर लौटे ईमानदार अधिकारियों को धमकाना न केवल कायरता है, बल्कि यह एक गंभीर आपराधिक कृत्य भी है। ऐसे तत्वों को चिह्नित कर उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और आईटी एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार स्पष्ट कर देना चाहती है कि जो लोग डर और दबाव के जरिए राजस्व व्यवस्था को बाधित करने की कोशिश कर रहे हैं, उनके लिए बिहार में कोई जगह नहीं है। दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और उन्हें जेल भेजना सुनिश्चित किया जाएगा। जो अधिकारी सरकार के साथ आए हैं उनको सुरक्षा और सम्मान देने की हम सबकी जिम्मेवारी है। उन्होंने कहा कि जो इस्तीफा देकर चुनाव लड़े हैं, वे आंदोलन का नेतृत्व कर रहे हैं। उनके भी कामों की जांच कराई जाएगी। गंभीर आरोप वाले किसी भी हाल में नहीं बचेंगे।
राजस्व विभाग ने हड़ताली अंचल अधिकारियों और राजस्व अधिकारियों द्वारा दबाव और धमकी की घटनाओं पर सख्ती बरतने का निर्णय लिया है। विभाग के प्रधान सचिव सीके अनिल ने सभी जिलाधिकारियों को पत्र जारी कर निर्देश दिया है कि ऐसे मामलों में तत्काल प्राथमिकी दर्ज की जाए। सरकार ने इसे न केवल सेवा नियमों का उल्लंघन, बल्कि आपराधिक कृत्य माना है।
