लाइव सिटीज, पटना: उड़ान योजना के तहत बिहार के 7 एयरपोर्ट से फ्लाइट के संचालन की मंजूरी केंद्र सरकार ने दे दी है। इनमें बीरपुर (सुपौल), सहरसा, मुंगेर, मुजफ्फरपुर, वाल्मिकी नगर (पश्चिम चंपारण), मधुबनी और पूर्णिया एयरपोर्ट शामिल है। साथ ही, केंद्र ने इन शहरों के हवाई अड्डों के विकास के लिए 190 करोड़ रुपये की राशि भी जारी भी कर दी है। इन एयरपोर्ट का विकास भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण के स्तर से किया जाएगा। इसके लिए राज्य सरकार प्राधिकरण के साथ समझौता (एमओयू) करेगी।
नई दिल्ली के राजीव गांधी भवन में नागरिक उड्डयन सचिव की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में यह निर्णय लिया गया। नागरिक उड्डन मंत्रालय की 15वीं परियोजना मूल्यांकन समिति (पीईसी) की बैठक में उड़ान के अंतर्गत हवाई अड्डों के विकास के लिए खर्च की भी समीक्षा की गई।मालूम हो कि बिहार सरकार के अनुरोध पर राज्य में छोटे विमानों की उड़ानों के संचालन के लिए इन 7 हवाई अड्डों का चयन किया गया है। इन एयरपोर्ट से 20 सीट वाले विमानों का संचालन किया जाएगा।
उड़ान योजना का उदेश्य छोटे शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों को हवाई मार्ग से जोड़ना है। इससे हवाई यात्रा सुलभ और किफायती हो सकेगी। साथ ही इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिलेगा। रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। राज्य के पर्यटन उद्योग को लाभ पहुंचेगा। वाल्मीकिनगर में बिहार का टाइगर रिजर्व स्थित है। यहां हाल के वर्षों में पर्यटकों की संख्या काफी बढ़ी है। यहां हवाई अड्डा का विकास होने से पर्यटक कम समय में पहुंच सकेंगे। इससे पर्यटकों की संख्या में और अधिक बढ़ोतरी होगी।