लाइव सिटीज, बक्सर: बिहार सरकार द्वारा राज्य की प्रमुख सड़कों का नाम धार्मिक एवं ऐतिहासिक महत्व के महापुरुषों तथा आस्था स्थलों के नाम पर रखने के निर्णय का विश्वामित्र सेना ने स्वागत किया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने घोषणा की है कि पटना से बक्सर तक बनने वाली सड़क का नाम *’विश्वामित्र पथ’*, उत्तर बिहार को जोड़ने वाली सड़क का नाम *’गंगा अंबिका पथ’* तथा गोपालगंज तक बनने वाली सड़क का नाम *’भगवान नारायणी पथ’* रखा जाएगा।
विश्वामित्र सेना के *राष्ट्रीय संयोजक राजकुमार चौबे* ने मुख्यमंत्री के इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि यह विश्वामित्र सेना के वर्षों पुराने संघर्ष और जनभावनाओं की जीत है। उन्होंने कहा कि संगठन लंबे समय से बिहार की धार्मिक, सांस्कृतिक एवं ऐतिहासिक पहचान के अनुरूप सड़कों के नामकरण की मांग करता रहा है। सरकार द्वारा इस दिशा में उठाया गया कदम बिहार की गौरवशाली विरासत को नई पहचान दिलाने के साथ-साथ धार्मिक पर्यटन को भी नई गति देगा।
राजकुमार चौबे ने कहा कि पटना से बक्सर तक बनने वाली सड़क का नाम ‘विश्वामित्र पथ’ रखा जाना केवल एक नामकरण नहीं, बल्कि महर्षि विश्वामित्र की तपोभूमि और बिहार की सांस्कृतिक विरासत को सम्मान देने का ऐतिहासिक निर्णय है। इससे न केवल श्रद्धालुओं और पर्यटकों को धार्मिक स्थलों की पहचान और पहुंच में सुविधा मिलेगी, बल्कि बिहार धार्मिक पर्यटन के वैश्विक मानचित्र पर भी अधिक सशक्त रूप से स्थापित होगा।
उन्होंने आगे कहा कि विश्वामित्र सेना बिहार की धार्मिक एवं सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण, संवर्धन और प्रचार-प्रसार के लिए भविष्य में भी अपना अभियान निरंतर जारी रखेगी तथा राज्य की ऐतिहासिक पहचान को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध रहेगी।
