लाइव सिटीज, पटना: बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी का आज एक बिल्कुल अलग और दिलचस्प अंदाज देखने को मिला। पटना के एएन कॉलेज पहुंचे, लेकिन इस बार एक नेता के तौर पर नहीं, बल्कि एक असिस्टेंट प्रोफेसर के रूप में। यह पहला मौका था जब उन्होंने क्लासरूम में जाकर छात्रों को पढ़ाया, और इसी वजह से उनका यह कदम शिक्षा जगत और राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया।
जैसे ही अशोक चौधरी एएन कॉलेज पहुंचे, वहां मौजूद छात्रों और शिक्षकों में उत्साह साफ दिखाई दिया। उन्होंने पॉलिटिकल साइंस के स्टूडेंट्स को ‘Central-State Relationship’ विषय पर क्लास दी। यह टॉपिक भारतीय संघीय ढांचे और केंद्र-राज्य के रिश्तों को समझने से जुड़ा है। उन्होंने इस विषय को अपने राजनीतिक अनुभव के साथ जोड़ते हुए काफी आसान तरीके से समझाने की कोशिश की, जिससे छात्रों को practical understanding मिल सके।
क्लास शुरू करने से पहले अशोक चौधरी ने खुद माना कि वे थोड़ा नर्वस महसूस कर रहे थे। उन्होंने कहा, “सदन में भाषण देना और क्लासरूम में पढ़ाना, दोनों बहुत अलग चीजें हैं। यहां जिम्मेदारी ज्यादा महसूस होती है।” उन्होंने यह भी बताया कि वे सिलेबस के अनुसार पढ़ा रहे हैं और उनकी कोशिश है कि छात्रों को विषय की गहराई से समझ मिले।
इस दौरान एक खास संयोग भी देखने को मिला। जिस बिल्डिंग में उन्होंने क्लास ली, उसका उद्घाटन उन्होंने खुद मंत्री रहते हुए किया था। इस पर उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “यह महादेव का आशीर्वाद है कि जिस जगह का उद्घाटन किया, आज वहीं पढ़ाने का मौका मिला।”
