लाइव सिटीज, नालंदा: जन सुराज पार्टी के संस्थापक और विधायक प्रशांत किशोर ने जदयू विधायक अनंत सिंह को लेकर बड़ा बयान दिया है। प्रशांत किशोर ने कहा कि अनंत सिंह हमारे जन सुराज में नहीं है। जन सुराज अपने दल के कार्यकर्ताओं के आचार, विचार और प्रयासों के लिए जिम्मेदार है। दूसरे दल का नेता क्या करता है, इससे हमें क्या? दरअसल जन सुराज के एमएलसी प्रत्याशी डॉ अनुज कुमार सिंह के लिए अनंत सिंह चुनाव प्रचार कर रहे हैं। इसी को लेकर प्रशांत किशोर से सवाल किया गया था।
प्रशांत किशोर ने जवाब देते हुए कहा कि अनंत सिंह हमारी पार्टी में नहीं हैं और न ही हम उनके नेता हैं। वे हमारे उम्मीदवार के समर्थन में आए हैं। हम नहीं जानते कि उनकी पृष्ठभूमि क्या है। जो लोग सत्ता में हैं, उन्हें इसका जवाब देना है। जदयू और एनडीए के नेताओं को इसका जवाब देना चाहिए। जन सुराज अनुज सिंह और दिव्या के लिए जिम्मेदार है।
जदयू को लेकर प्रशांत किशोर ने कहा कि पार्टी की ताकत पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार थे। उनके राजनीतिक रूप से निष्क्रिय होने के बाद जदयू का कोई भविष्य नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में जदयू को भाजपा के अमित शाह चला रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि आने वाले तीन-चार वर्षों में जदयू का भाजपा में विलय तय है। उन्होंने कहा कि आज नहीं तो कल जदयू को इतना कमजोर कर दिया जाएगा कि वह भाजपा की बी-टीम बन जाए या भाजपा में विलय कर जाए। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो उनसे सवाल किया जा सकता है।
जदयू की ओर से जन सुराज के सत्ता में नहीं आने और सातवें वेतनमान का वादा करने पर सवाल उठाए जाने पर प्रशांत किशोर ने कहा कि जन सुराज सत्ता में नहीं है, इसके बावजूद उसकी आवाज उठाने से बुजुर्गों की पेंशन 400 रुपये से बढ़ाकर 1100 रुपये और स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड की राशि दो लाख से वापस चार लाख रुपए हुई।
