लाइव सिटीज, पटना: पटना के नौबतपुर में दर्दनाक हादसा हुआ। शेखोपुर बधार इलाके में खुले बिजली तार की चपेट में आने से दो मजदूरों की मौत हो गई। दोनों मजदूर ग्रीन सिटी साइट पर काम करते थे। बताया जा रहा है कि दिनभर काम करने के बाद दोनों रात में अपने डेरे की ओर लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में बिजली के खुले तार की चपेट में आ गए। करंट का झटका इतना तेज था कि दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।
सुबह खेत में मिले दोनों के शव
हादसा रात के समय हुआ, इसलिए तत्काल इसकी जानकारी आसपास के लोगों को नहीं हो सकी। गुरुवार सुबह जब ग्रामीण बधार की ओर पहुंचे तो वहां दो मजदूरों के शव पड़े मिले। इसके बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए।
मृतकों में एक की पहचान जानीपुर थाना क्षेत्र के कोर्रा गांव निवासी 17 वर्षीय चिंटू कुमार के रूप में बताई गई है। दूसरे मजदूर की पहचान की प्रक्रिया जारी थी।
खुले तार को लेकर ग्रामीणों में गुस्सा
हादसे के बाद ग्रामीणों में बिजली विभाग के खिलाफ आक्रोश देखा गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि बिजली का तार खुले और असुरक्षित तरीके से पड़ा था, जिसकी वजह से यह जानलेवा हादसा हुआ। ग्रामीणों ने जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई और मृतकों के परिवारों को मुआवजा देने की मांग उठाई।
आक्रोशित लोगों ने कुछ समय तक शव उठाने का विरोध किया। उनका कहना था कि जब तक उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई का भरोसा नहीं दिया जाता, तब तक शव नहीं उठने दिया जाएगा।
पुलिस ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलने के बाद नौबतपुर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मामले की जानकारी जुटाई और हादसे की परिस्थितियों की जांच शुरू कर दी। दूसरे मृतक की पहचान कराने का प्रयास भी किया जा रहा है।
इस हादसे ने खेतों और निर्माण क्षेत्रों के आसपास बिजली के खुले एवं असुरक्षित तारों को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद हादसे की पूरी स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।
