लाइव सिटीज, पटना: शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों के शिक्षकों के ट्रांसफर के लिए 100 अंकों पर आधारित नई API संचालित ऑनलाइन व्यवस्था लागू करने का फैसला किया है. इस नई प्रणाली में सबसे ज्यादा अंक पाने वाले शिक्षकों को पहले तबादले का अवसर मिलेगा. सबसे बड़ी प्राथमिकता गंभीर बीमारी से जूझ रहे शिक्षकों को दी जाएगी, जिन्हें सीधे 20 अंक मिलेंगे. अगर दो शिक्षकों के कुल अंक समान होते हैं, तो अधिक उम्र वाले शिक्षक को प्राथमिकता दी जाएगी
जानकारी के मुताबिक, निर्धारित मानकों के तहत दिव्यांग शिक्षकों को 15 अंक दिए जाएंगे. महिला शिक्षकों और अलग-अलग जगहों पर कार्यरत शिक्षक पति-पत्नी को 10-10 अंकों का लाभ मिलेगा. सिर्फ विशेष परिस्थितियां ही नहीं, बल्कि सेवा अनुभव भी इस प्रक्रिया में अहम भूमिका निभाएगा. 31 मार्च तक की सेवा अवधि के आधार पर हर साल के लिए एक अंक जोड़ा जाएगा. इसके अलावा शिक्षक की वर्तमान तैनाती के आधार पर भी अंक निर्धारित होंगे.
शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का कहना है कि पूरी प्रक्रिया डिजिटल सत्यापन के जरिए ऑनलाइन होगी, जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित होगी और किसी भी तरह की गड़बड़ी या पक्षपात की संभावना काफी कम हो जाएगी. रिक्त पदों के आधार पर पोस्टिंग होने से स्कूलों में शिक्षकों का संतुलित वितरण भी संभव होगा.
